मेरी हर बात पे उसका जवाब उल्टा था
1212-1122-1212-22 हरेक बात पे उसका जवाब उल्टा है ।। मगर वो प्यार मुझे बेशुमार करता है।। वो मेरे इश्क-ए- मरासिम* बनाएगा' इकदिन ।(प्यार के रिश्ते) बड़े यकींन से उल्फ़त की बात करता है।। यूँ बर्फ आ...
जीवन के उतार चढ़ाव भरे सफर में अलग अलग अनुभव प्राप्त हुए। ध्यान से देखने की कोशिस की तो सब कुछ एक लयबद्य लगा। संजोया तो कविता , गजल बनकर कागज़ पर उभर आया। .जीवन का सफर है चलता रहेगा . कोई खोज सायद अधूरी है